
नागौर: राजकीय स्कूलों में 'एक पेड़-एक जिंदगी' अभियान, पौधारोपण से बदला शिक्षा परिसरों का स्वरूप
Posted on 6 अगस्त 2026
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हमारे जायल संवाददाता के अनुसार, जिले में शिक्षा विभाग द्वारा पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक अनूठी पहल की गई है। शिक्षा निदेशालय बीकानेर के दिशा-निर्देशों के क्रम में, अब सरकारी विद्यालयों को 'ग्रीन कैंपस' के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसी कड़ी में जारोड़ा क्षेत्र के पुंजियास स्थित राजकीय प्राथमिक विद्यालय में 'एक पेड़-एक जिंदगी' अभियान के तहत 101 पौधों का रोपण कर विद्यार्थियों और शिक्षकों ने उनके संरक्षण का संकल्प लिया है।
शिक्षा विभाग की नई प्राथमिकता
प्रदेश के शिक्षा विभाग ने शैक्षणिक गतिविधियों के साथ-साथ पर्यावरण जागरूकता को अनिवार्य हिस्सा बना दिया है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य न केवल विद्यालयों को हरा-भरा बनाना है, बल्कि नई पीढ़ी को प्रकृति के प्रति संवेदनशील बनाना भी है।
- छायादार और फलदार वृक्षों पर जोर: विद्यालय परिसरों में ऐसे पौधों को प्राथमिकता दी जा रही है जो भविष्य में विद्यार्थियों को शुद्ध हवा और छाया प्रदान करेंगे।
- विद्यार्थियों की सहभागिता: 'एक पेड़-एक जिंदगी' अभियान में हर छात्र को एक पौधे की देखरेख का जिम्मा दिया गया है, जिसे 'एडॉप्ट ए ट्री' कार्यक्रम के रूप में भी देखा जा रहा है।
- निगरानी: विद्यालय विकास एवं प्रबंधन समिति (SMC) को इन पौधों की जीवित दर (Survival Rate) की रिपोर्ट शाला दर्पण पोर्टल पर अपडेट करने के निर्देश दिए गए हैं।
शिक्षकों और पालकों के लिए महत्वपूर्ण संदेश
यह पहल केवल दिखावा नहीं, बल्कि राजस्थान सरकार की भविष्यवादी योजनाओं का हिस्सा है। आने वाले समय में शाला दर्पण पर विद्यालयों के 'ग्रीन इंडेक्स' के आधार पर उनका मूल्यांकन किया जा सकता है। शिक्षकों को सलाह दी जाती है कि वे अपने विद्यालय में पौधारोपण के पश्चात उनके फोटो और अपडेट समय पर अपलोड करें।
हमारी टीम लगातार शिक्षा विभाग, जयपुर सचिवालय और बीकानेर निदेशालय से आ रहे अपडेट्स पर नज़र बनाए हुए है। अभिभावकों से अपील है कि वे अपने बच्चों को इस अभियान के प्रति प्रोत्साहित करें ताकि विद्यालय परिसर एक सुरक्षित और स्वास्थ्यप्रद वातावरण बन सके।
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Written & Verified By
AbhishekChief Editor
नागौर के युवा पत्रकार और डिजिटल मीडिया विशेषज्ञ। अभिषेक जी को ग्रामीण विकास और स्थानीय समस्याओं के सटीक विश्लेषण का गहरा अनुभव है।