
मोबाइल के दुष्परिणाम पर प्रतियोगिता, विजेताओं को मिला सम्मान
Posted on 20 जुलाई 2026
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हमारे **नागौर** संवाददाता के अनुसार, प्रेरणा संस्थान द्वारा आयोजित 'मोबाइल के दुष्परिणाम' विषय पर निबंध प्रतियोगिता के विजेताओं को रविवार को पुरस्कृत किया गया। इस कार्यक्रम में विभिन्न वर्गों के प्रतिभागियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और मोबाइल के बढ़ते उपयोग के नकारात्मक पहलुओं पर अपने विचार व्यक्त किए।
प्रतियोगिता का उद्देश्य और प्रतिभागी
प्रेरणा संस्थान का उद्देश्य युवाओं को मोबाइल फोन के अत्यधिक उपयोग से होने वाले नुकसान के प्रति जागरूक करना था। प्रतियोगिता में कुल 125 प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिन्होंने अपने निबंधों के माध्यम से मोबाइल के सामाजिक, मानसिक और शारीरिक दुष्परिणामों पर प्रकाश डाला।
अतिथियों का अभिनंदन और संस्थान का परिचय
कार्यक्रम का शुभारंभ मां भारती और स्वामी विवेकानंद के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन से हुआ, जिसके उपरांत वंदेमातरम का गान हुआ। मुख्य अतिथि बाल विकास परियोजना अधिकारी किशनलाल छाजेड़, सहप्रबंधक भारतीय जीवन बीमा निगम लवेश बट्टू, और अतिथि अध्यक्ष जिन शासन विहार ग्रुप मुकेश मालू ने दीप प्रज्ज्वलन किया। अतिथियों व भामाशाहों का तिलक, माला और शॉल ओढ़ाकर अभिनंदन किया गया। उपाध्यक्ष अरुण वडेरा ने सभी अतिथियों का स्वागत किया और प्रतियोगिता में भाग लेने वाले सभी 125 प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापित किया। दिनेश सिंघवी ने संस्थान द्वारा पिछले सात महीनों में किए गए कार्यों का विवरण दिया, जिसमें सात अस्थाई जल केंद्रों की शुरुआत, पेंशनर साथियों का सम्मान कार्यक्रम और परिंडे लगवाने जैसे कार्य शामिल हैं। उन्होंने यह भी बताया कि जल्द ही चिकित्सा उपकरण निशुल्क उपलब्ध कराने का कार्य भी शुरू किया जाएगा।
विजेताओं की घोषणा और पुरस्कार वितरण
कार्यक्रम के मुख्य आकर्षण के रूप में, अतिथियों द्वारा विभिन्न वर्गों के विजेताओं को पुरस्कार वितरित किए गए:
- प्रथम वर्ग: प्रथम - दर्शन बोहरा, द्वितीय - संयम बोथरा, याशिका सोनी, तृतीय - एकता आचार्य, ईशिता आचार्य।
- द्वितीय वर्ग: प्रथम - पायल बोहरा, द्वितीय - छवि जैन, तृतीय - गायत्री, दिव्या पंवार।
- तृतीय वर्ग: प्रथम - मुस्कान, द्वितीय - तनिषा, तृतीय - कोमल शर्मा, श्रवण माहेश्वरी।
इसके अतिरिक्त, परीक्षित पंवार, मोतीसिंह, आरती, आनंदी, सेल्वी, निधि जैन, नैतिक जैन, राजवीर भाटी, रवीना, शशि, यशोदा पोटलिया, ललिता जसपाल, गुड्डी जैन, कीर्ति सोनी, और उन्नति को सांत्वना पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
मुख्य अतिथि का संदेश
मुख्य अतिथि किशनलाल छाजेड़ ने अपने संबोधन में कहा कि निबंध विचारों और भावों की अभिव्यक्ति का एक सशक्त माध्यम है, जो व्यक्ति की कलम को कागज पर उकेरने की कला को दर्शाता है। उन्होंने प्रतिभागियों के प्रयासों की सराहना की।
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Written & Verified By
AbhishekChief Editor
नागौर के युवा पत्रकार और डिजिटल मीडिया विशेषज्ञ। अभिषेक जी को ग्रामीण विकास और स्थानीय समस्याओं के सटीक विश्लेषण का गहरा अनुभव है।