
मंत्री और विधायक में तकरार: शिलान्यास पर 'जनता तय करेगी' बयान से मचा बवाल
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नावां। डीडवाना-कुचामन जिले के नावा उपखंड के मिठड़ी गांव में 1 करोड़ 70 लाख रुपए की लागत से बनने वाली सीसी सड़क के शिलान्यास समारोह में राज्य मंत्री मंजू बाघमार और कांग्रेस के परबतसर विधायक रामनिवास गावड़िया की उपस्थिति ने राजनीतिक पारा चढ़ा दिया। दोनों नेताओं के बीच नोकझोंक और उपसरपंच को मंच पर बैठाने को लेकर हुए विवाद ने समारोह की गरिमा को प्रभावित किया।
उपसरपंच को मंच पर बैठाने पर बढ़ा विवाद
समारोह के दौरान मिठड़ी के उपसरपंच वीरेंद्र सिंह को मंच पर स्थान देने को लेकर भाजपा नेताओं ने आपत्ति जताई, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया। प्रशासन और पुलिस अधिकारियों की हस्तक्षेप के बाद स्थिति सामान्य हो पाई। इस दौरान कुछ कार्यकर्ताओं के बीच कहासुनी भी हुई, जिसे पुलिस ने तत्काल शांत कराया।
मंत्री ने कांग्रेस पर साधा निशाना
राज्य मंत्री मंजू बाघमार ने अपने संबोधन में कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस ने अपने 5 साल के कार्यकाल का ज्यादातर समय कोरोना महामारी और होटलों में बिता दिया, जबकि भाजपा ने मात्र 1 साल में ही उनके बराबर काम करके दिखाया है। उन्होंने कांग्रेस के शासनकाल में प्रदेश द्वारा झेले गए संकटों का उल्लेख किया और कहा कि अब विपक्ष केवल अपनी उपस्थिति दर्ज कराने का प्रयास कर रहा है। समारोह के दौरान कुछ आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के बीच से उठकर जाने पर मंत्री ने नाराजगी जताई और संबंधित अधिकारी को बुलाकर व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए।
विधायक का पलटवार: 'जनता ने तय किया शिलान्यास कौन करेगा'
वहीं, परबतसर विधायक रामनिवास गावड़िया ने राज्य मंत्री के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि यह तो जनता ने तय कर दिया है कि शिलान्यास कौन करेगा और इस पर किसका नाम होगा। उन्होंने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सड़क के शिलान्यास से ज्यादा पुलिस बल की तैनाती दिख रही है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि लोकतंत्र में जनता की आवाज को दबाया नहीं जाना चाहिए और अधिकारियों को जनप्रतिनिधियों व आमजन का सम्मान करना चाहिए। विधायक गावड़िया ने मंत्री मंजू बाघमार से क्षेत्र की अन्य सड़कों के लिए भी अतिरिक्त बजट की मांग रखी।
अन्य प्रमुख बिंदु:
- सड़क की स्वीकृति दिलाने में पूर्व सरपंच लोकेंद्र सिंह की महत्वपूर्ण भूमिका बताई जा रही थी, हालांकि वे कार्यक्रम में उपस्थित नहीं थे।
- कांग्रेस और भाजपा नेताओं का एक ही मंच पर एक साथ उपस्थित होना चर्चा का विषय रहा।
- कार्यक्रम के दौरान पुलिस को कई बार हस्तक्षेप करना पड़ा।
हमारे नावां संवाददाता के अनुसार, इस शिलान्यास समारोह में दोनों प्रमुख दलों के नेताओं की मौजूदगी और उनके बीच हुई बयानबाजी ने स्थानीय राजनीति में गर्माहट पैदा कर दी है।
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Written & Verified By
AbhishekChief Editor
नागौर के युवा पत्रकार और डिजिटल मीडिया विशेषज्ञ। अभिषेक जी को ग्रामीण विकास और स्थानीय समस्याओं के सटीक विश्लेषण का गहरा अनुभव है।